पथरिया में राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा गया

दमोह। दिल्ली में संत रविदास मंदिर तोड़े जाने के विरोध में देश भर में विरोध प्रदर्शन सामने आ रहा है। इसी कड़ी में दमोह जिले के पथरिया, हिंडोरिया सहित अन्य कस्वाई क्षेत्रों में ज्ञापन देकर इस मामले में आपत्ति दर्ज कराई गई।तुगलकाबाद नई दिल्ली में संत शिरोमणि गुरु रविदास जी का 600 साल पुराना मंदिर तोड़े जाने के विरोध में अखिल भारतीय रविदासिया धर्म संगठन पथरिया द्वारा राष्ट्रपति के नाम एसडीएम को ज्ञापन सौंपा गया।

ज्ञापन में लेख किया गया कि हमारी कौम के रहवर संत शिरोमणि गुरू रविदास जी का चमारवाड़ा जोहड़ तुगलकाबाद दिल्ली स्थित संत रविदास मंदिर माननीय सुप्रीम कोर्ट भारत के अन्यायपूर्ण आदेश से दिल्ली विकास प्राधिकरण द्वारा गिराकर नष्ट कर दिया गया है तथा जमीन अपने अधीन कर ली है। चमारवाड़ा जोहड़ स्थित यह जमीन दिल्ली के तत्कालीन बादशाह सिकंदर लोधी द्वारा हमारे रहवर गुरू रविदास जी को दान में दी गई थी। उक्त धर्मस्थल हमारे करोड़ों गुरूप्रेमियों की आस्था एवं श्रद्धा का केन्द्र है। दिल्ली विकास प्राधिकरण द्वारा किये गये इस कृत्य के प्रति रविदासिया समाज में अत्यंत आक्रोश व्याप्त है।

ज्ञापन सौंपते समय प्रमुख रूप से भूपेंद्र सोनी, बसपा नेता दिनेश चौधरी, परसराम अहिरवार, पप्पू खटीक, चिंतामन अहिरवार, हरप्रसाद अहिवार, रमेश अहिरवार, दीनदयाल अहिवार, अशोक अहिरवार, विजय अहिवार केवलारी, सोहन लाल, शंकरलाल गोपाल जगन माते अमित अहिवार, बहोरीलाल अहिवार, महादेव अहिवार पथरिया, सिद्दन बाई, सेवाराम अहिवार, केरबना, रामदीन अहिरवार सेमरा हजारी,मूलचंद अहिवार बांसा रामलाल अहिवार, प्रकाश अहिवार, लखरोंनी गणेश अहिवार,सोना अहिवार, सतपारा, अर्जुनदास अहिवार नंदरई, सोनू अहिवार मेहलवारा, गोठल अहिवार, धरमदास अहिवार मारा, मणिशंकर खडेरी, कन्छेदी अहिवार अध्यक्ष अखिल भा.रवि.धर्म संगठन सहित संगठन के कार्यकर्ता गुरुप्रेमी भाईबंधु उपस्थित रहे।